नई दिल्ली में ” भारत में शहरी स्थानीय सरकारों को सुदृढ़ बनाने” पर आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लिया और संविधान दिवस की शुभकामनाएं दी एवं 74 वे संविधान संशोधन के अनुरूप अपनी विचारधारा प्रस्तुत की। इस सम्मेलन का उद्देश्य शहरी स्थानीय शासन की चुनौतियों और सुधार के उपायों पर चर्चा करना था।
संबोधन में नगर निगमों की भूमिका, स्थानीय निकायों के वित्तीय प्रबंधन, और आधुनिक शहरी योजनाओं के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने स्मार्ट सिटी परियोजनाओं और स्वच्छ भारत मिशन जैसी पहल को सफल बनाने के लिए स्थानीय स्तर पर सशक्तिकरण की आवश्यकता पर जोर दिया।

जयपुर शहर राजस्थान की राजधानी होने के साथ ही देश की राजधानी के सबसे नजदीकी राजस्थान का सबसे बड़ा fastest growing शहर के साथ साथ यूनेस्को द्वारा घोषित वर्ल्ड हेरिटेज शहर है जो world आर्किटेक्ट एवं वर्ल्ड पर्यटन का केंद्र है इस कारण जयपुर को 15 वे वित्त आयोग में रखे गए 8 आधुनिक शहरों के प्रावधान अनुसार ही 16वे वित्त आयोग में जयपुर शहर को अनिवार्य रूप से आधुनिक शहर के रूप में सम्मिलित किया जाए। अन्य राज्यों के बड़े शहरों की भाँति जयपुर में municipal महानगर act लागू किया जाए। केंद्र से मिलने वाले un tide and tide fund को नगरीय निकाय शहर की आवश्यकता अनुरूप वयय कर सके इसके लिए 16वे वित्त आयोग की शर्तों में शिथिलता दी जावे।
शहरी क्षेत्रों के सतत विकास के लिए बेहतर योजना, सामुदायिक भागीदारी, और तकनीकी नवाचारों का समावेश आवश्यक है। ग्रेटर जयपुर में किए गए सुधारों और विकास कार्यों का उदाहरण प्रस्तुत करते हुए इस दिशा में अपने अनुभव साझा किए।
सम्मेलन में देशभर के 100 से अधिक महापौर और अध्यक्ष उपस्थित थे, जिन्होंने शहरी स्थानीय शासन को सशक्त बनाने के विभिन्न उपायों पर विचार-विमर्श किया।


